Monday, July 9, 2012

Sharda Sinha - Vivah Geet


SIDE A

०१ मोरे बबुआ को
०२ आज धनवा कुटाऊ
०३ रजा जनक जी के
०४ अरइहो बनके रख
०५ पिता के सकल बेटी
०६ द्वार के छेकाई में जी
०७ चुमाओ बहु हे ललना
०८ दूल्हा सिंदूर लियो हाथ
०९ शुभ-शुभ के लगनावा
१० बड़ रे जतन से हम

SIDE B 

०१ सोना के रे डलवा में
०२ ठुनक-ठुनक बोले
०३ मोहि लेलखिन सजनी
०४ सुतल छलियाई बाबा
०५ माई हे अयोध्या नगर
०६ दुल्हिन धीरे-धीरे
०७ संग में बरात लेकर
०८ नाधे ना देव देहरिया
०९ आए हैं समधी डगर-मगर
१० अरे मड़वा में समधी 




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